मध्य प्रदेश के सीहोर में उमड़ा आस्था का जनसैलाब, 11 किमी लंबी कांवड़ यात्रा में गूंजे हर-हर महादेव के जयकारे


देश 25 August 2026
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मध्य प्रदेश के सीहोर में उमड़ा आस्था का जनसैलाब, 11 किमी लंबी कांवड़ यात्रा में गूंजे हर-हर महादेव के जयकारे

सीहोर, 25 अगस्त । सावन के पवित्र महीने में मंगलवार को मध्य प्रदेश के सीहोर में आस्था का बड़ा जनसैलाब उमड़ा। सीवन नदी के तट से कुबेरेश्वरधाम तक करीब 11 किलोमीटर लंबी कांवड़ यात्रा सुबह 9 बजे शुरू हुई।

यात्रा में मध्य प्रदेश के अलावा महाराष्ट्र, हरियाणा, पंजाब, उत्तर प्रदेश समेत देश के कई राज्यों से बड़ी संख्या में श्रद्धालु शामिल हुए। बारिश के बीच भगवा वस्त्रों में सजे कांवड़िए हर-हर महादेव और भगवान कुबेरेश्वर महादेव के जयकारों के साथ धाम की ओर बढ़े।

सोमवार से ही श्रद्धालुओं के सीहोर पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया था। मंगलवार सुबह करीब 5 बजे से सीवन नदी तट और आसपास के इलाकों में कांवड़ियों की भीड़ जुटने लगी। यात्रा शुरू होने के बाद सीवन नदी से लेकर कुबेरेश्वरधाम तक पूरा मार्ग श्रद्धालुओं से भरा नजर आया। श्रद्धालुओं की भारी भीड़ को देखते हुए प्रशासन ने सीवन नदी के घाट पर एंट्री रोक दी है।

सुरक्षा कारणों से कांवड़ियों को नदी में उतरने की अनुमति नहीं दी जा रही। इसके लिए पुल पर नलों के माध्यम से कांवड़ में जल भरने की व्यवस्था की गई है। श्रद्धालु यहीं से जल लेकर कुबेरेश्वरधाम के लिए रवाना हो रहे हैं। कांवड़िए कुबेरेश्वरधाम पहुंचकर सीवन नदी के जल से भगवान कुबेरेश्वर महादेव का अभिषेक करेंगे।

पंडित प्रदीप मिश्रा ने भी भरी कांवड़

कांवड़ यात्रा के दौरान कथावाचक पंडित प्रदीप मिश्रा भी सीवन नदी पहुंचे। उन्होंने कांवड़ में जल भरा और श्रद्धालुओं के साथ पैदल यात्रा में शामिल हुए। उनके यात्रा में शामिल होने से श्रद्धालुओं में खासा उत्साह नजर आया।

पांच क्विंटल फूलों से बाबा का शृंगार, 25 क्विंटल नुक्ती का भोग

विठलेश सेवा समिति के मीडिया प्रभारी मनोज दीक्षित के अनुसार कुबेरेश्वरधाम में भगवान का करीब 5 क्विंटल फूलों से विशेष शृंगार किया जा रहा है। वहीं पंडित प्रदीप मिश्रा की ओर से 25 क्विंटल नुक्ती का भोग लगाया गया है। धाम परिसर में करीब 2 एकड़ क्षेत्र में संचालित भोजनशाला से श्रद्धालुओं को प्रसादी वितरित की जा रही है। यात्रा मार्ग पर 100 से अधिक सेवा स्टॉल लगाए गए हैं। यहां भोजन, फलाहारी खिचड़ी, नाश्ता, चाय और पानी की नि:शुल्क व्यवस्था की गई है। गुजरात से आए 35 सेवादार भी श्रद्धालुओं के लिए पूड़ी-सब्जी तैयार कर रहे हैं।

बारिश में भी नहीं डिगी आस्था

कांवड़ यात्रा के दौरान बारिश होती रही, लेकिन श्रद्धालुओं का उत्साह कम नहीं हुआ। कई कांवड़िये छाता और रेनकोट लेकर यात्रा करते नजर आए, जबकि कुछ श्रद्धालु पॉलिथीन ओढ़कर भीगते हुए आगे बढ़ते रहे। ट्राइसिकल पर सवार होकर कांवड़ यात्रा में पहुंचा एक नन्हा कांवड़िया भी लोगों के आकर्षण का केंद्र रहा। श्रद्धालुओं की स्वास्थ्य सुविधा के लिए यात्रा मार्ग पर पांच प्रमुख मेडिकल पॉइंट बनाए गए हैं। मानक बाग, डीमार्ट, चौपाल सागर, परमार ढाबा और मोगरा फूल जोड़ पर मेडिकल टीमें तैनात हैं। यहां प्राथमिक उपचार समेत जरूरी स्वास्थ्य सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं।

1200 से ज्यादा जवान संभाल रहे सुरक्षा

यात्रा में भारी भीड़ को देखते हुए पुलिस और प्रशासन ने सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए हैं। 1200 से अधिक पुलिसकर्मी और जवान तैनात किए गए हैं। 10 वॉच टावर से पूरे यात्रा मार्ग और भीड़ पर नजर रखी जा रही है। नदी तट पर बोट और गोताखोरों की तैनाती की गई है। प्रशासन ने कलेक्टर के आदेश के तहत डीजे पर पूरी तरह प्रतिबंध लगाया है। यात्रा मार्ग पर भीड़ नियंत्रण और यातायात व्यवस्था के लिए पुलिस बल की अलग-अलग टीमें तैनात की गई हैं।

इंदौर-भोपाल मार्ग पर ट्रैफिक डायवर्ट

कांवड़ यात्रा के कारण सीहोर में यातायात का दबाव बढ़ने के मद्देनजर इंदौर-भोपाल मार्ग पर ट्रैफिक डायवर्जन लागू किया गया है। भोपाल से इंदौर जाने वाले भारी वाहन: मुबारकपुर/तुमड़ा जोड़ से श्यामपुर, कुरावर, ब्यावरा और मक्सी होते हुए देवास-इंदौर जाएंगे। इंदौर से भोपाल आने वाले भारी वाहन: देवास, मक्सी, शाजापुर, ब्यावरा और श्यामपुर होते हुए भोपाल पहुंचेंगे। छोटे और सवारी वाहन: सीहोर के न्यू क्रिसेंट चौराहे से भाऊखेड़ी जोड़ और अमलाहा होते हुए आष्टा-इंदौर की ओर भेजे जा रहे हैं।

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